Shubh Muhurtha

विभिन्न कार्यों के लिए तिथि, वार, नक्षत्र आदि के आधार पर जिन मुहूर्तों का चयन किया जाता है, उनमें अथर्ववेद के अनुसार तिथि, वार, करण, योग, तारा, चंद्रमा तथा लग्न का फल उत्तरोत्तर हजार गुणा तक बढ़ता जाता है। परंतु महर्षि गर्ग, नारद और कश्यप मुनि केवल लग्न की प्रशंसा करते हैं क्योंकि लग्न शुद्धि का विचार न करके किया गया कोई भी काम पूर्णतः निष्फल हो जाता है। इन सबसे ऊपर स्थानीय मध्यान्ह काल में 248 पल का अभिजित नामक मुहूर्त समस्त शुभ कार्यों के लिए सर्वश्रेष्ठ है। परंतु बुधवार को इस मुहूर्त का भी परित्याग करना चाहिए गर्भ धारण से अन्त्येष्टि तक सभी संस्कारों तथा अन्य मांगलिक कार्यों में मुहूर्त की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अब प्रश्न उठता है कि मुहूर्त क्या है? किसी कार्य के सफल संपादन के लिए ज्योतिषीय गणना पर निर्धारित समयावधि को मुहूर्त कहा जाता है। दूसरे शब्दों में हम कह सकते हैं कि अच्छे (बलवान) समय या शुभ अवसर के चयन की प्रक्रिया को शुभ मुहूर्त कहते हैं। मुहूर्त शास्त्र के अनुसार तिथि, वार, नक्षत्र, योग, करण आदि के संयोग से शुभ या अशुभ योगों का निर्माण होता है। मुहूर्त ज्योतिष शास्त्र का सबसे प्राचीन और महत्वपूर्ण अंग है। मुहूर्त के करण ही ज्योतिष शास्त्र को वेद का नेत्र कहा गया है। शुभ मुहूर्त हेतु तिथि, वार, नक्षत्र को चयन शुभवार- सोम, बुध, गुरु और शुक्रवार। शुभ मुहूर्त हेतु शुभ वार हैं। शुभ तिथि- दोनों पक्षों की 2, 3, 5, 7, 10, 12वीं तिथि और कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तथा शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी ये शुभ तिथियां हैं। शुभ नक्षत्र – अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, उत्तराफाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाती, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती – ये शुभ नक्षत्र हैं। तारा बल- जन्म नक्षत्र से इष्टकालीन नक्षत्र (जिस दिन कार्य करना हो उस दिन के चंद्र नक्षत्र) की संख्या को 9 से भाग देने पर यदि शेष संख्या 1,2,4,6,8,0 रहे तो शुभ ताराबल प्राप्त होता है। यदि 3,5,7 शेष रहे तो तारा अशुभ होती है। मुहूर्त में अशुभ तारा का त्याग करना चाहिए। किंतु ताराबल का विचार सिर्फ कृष्ण पक्ष में ही करना चाहिए। चंद्रबल- अपनी जन्म राशि से 1,3,6,7,10,11 वें स्थान का चंद्रमा शुभ होता है। इसके अलावा शुक्ल पक्ष में 2,5,9वीं राशि स्थान का चंद्रमा भी शुभ होता है। यदि चंद्रमा क्रूर ग्रह से युक्त अथवा क्रूर ग्रहों के मध्य में हो तो शुभ कार्य नहीं करना चाहिए। यदि चंद्रमा से सप्तम स्थान में क्रूर ग्रह सूर्य, शनि या मंगल हो तो विवाह, यात्रा, चूड़ाकर्म तथा गृह प्रवेश नहीं करना चाहिए। शुभ मुहूर्त में लग्न का बल सर्वाधिक होता है- अथर्ववेद के अनुसार मुहूर्त में तिथि का फल एक गुणा, नक्षत्र चार गुणा, वार का फल आठ गुणा, करण का फल सोलह गुणा, योग का फल बत्तीस गुणा, तारा का फल साठ गुणा, चंद्रमा का फल सौ गुणा और लग्न का फल एक हजार गुणा होता है। महर्षि गर्ग, नारद और कश्यप मुनि केवल लग्न की प्रशंसा करते हैं। इसके अनुसार लग्न का विचार छोड़कर जो कुछ काम किया जाये, वह सब निष्फल होता है। जैसे ग्रीष्म ऋतु में क्षुद्र नदियां सूख जाती हैं। वैसे ही तिथि, नक्षत्र, योग अथवा चंद्रमा के बल का कोई महत्व नहीं है। लोग कहते हैं कि चंद्रमा का बल प्रधान है, किंतु शास्त्रों के अनुसार लग्न का बल ही प्रधान है। वर्ष मासो दिनं लग्न मुहूर्तश्चेति पंचकम्। कालस्या गानि मुख्यानि प्रबलान्युत्तरोत्तम्।। वर्ष, मास, दिन, लग्न और मुहूर्त ये उत्तरोत्तर बली है। लग्न शुद्धि Û शुभ मुहूर्त हेतु उपचय राशि का लग्न, ग्रहण, करना चाहिए। अपनी जन्म राशि से 8वीं या 12वीं राशि का लग्न ग्रहण नहीं करना चाहिए। Û लग्न से 8वें, 12वें स्थान में कोई ग्रह न हो। Û मुहूर्त लग्न के केंद्र-त्रिकोण स्थानों (1,4,7,10,5,9) में शुभ ग्रह हो तथा 3,6,11वें स्थान में पापग्रह हों। Û जो लग्न जितने अधिक शुभ ग्रहों से युक्त, दृष्ट हो उतना ही अधिक बली और फलप्रद होता है। Û जिस मुहूर्त लग्न से चंद्रमा 3,6,10 या 11वें स्थान में हो तो उस मुहूर्त में किये गए सभी कार्य सफल होते हैं। उपरोक्त प्रकार से शोधित मुहूर्त लग्न सर्वोत्तम होता है। Û यदि केंद्र या त्रिकोण में स्थित पापग्रहों पर बुध, गुरु या शुक्र की दृष्टि हो अथवा केंद्र या त्रिकोण में स्थित बुध, गुरु या शुक्र की दृष्टि पाप ग्रहों पर हो तो पाप ग्रह भी दोषकारक नहीं होता बल्कि उसका फल शुभ हो जाता है। Û यात्रा लग्न के 6,8,9 भावों को छोड़कर अन्य भावों में यदि पाप ग्रह हो तथा 4,3,11 भाव में शुक्र हो जिस पर केंद्रस्थ गुरु की दृष्टि हो तो यह यात्रा लग्न धनदायक होता है। Û अष्टवर्गेण ये शुद्धास्ते शुद्धा सर्वकर्मसु। सूक्ष्माऽष्ट संशुद्धि स्थूला शुद्धिस्तु गोचरे।। राजमात्र्तण्ड के अनुसार यदि ग्रह को अष्टकवर्ग में रेखा बल प्राप्त हो तो सूक्ष्माष्टक शुद्धि होने पर स्थूल मान से 4,8,12वें गोचरीय ग्रह (सूर्य, चंद्र, गुरु) अशुभ होने पर भी शुभ होते हैं। लग्न समय पर सूर्य, चंद्र, गुरु का रेखाष्टक बल ज्ञात करें। 4 से 8 तक रेखा बल प्राप्त होने पर मांगलिक कार्य प्रारंभ करना शास्त्र सम्मत है। ग्रह की 1 से 3 रेखा आने पर ग्रह नेष्ट फल प्रदान करता है। अभिजित में समस्त कार्यों की सिद्धि होती है सूर्योदय के बाद चैथे लग्न को विजय लग्न या अभिजित लग्न माना जाता है। सूर्य की दशम भाव में स्थिति भी अभिजित लग्न में होती है। इसकी अवधि लगभग 1 घंटा 40 मिनट होती है। अभिजित मुहूर्त में किये गए समस्त कार्य सफल होते हैं। क्योंकि यह मुहूर्त सभी दोषों को दूर करने वाला होता है। लग्न दिन हंति मुहूतः सर्वदूषणम। तस्मात् शुद्धि मुहत्र्तस्य सर्वकार्येषु शस्यते।। स्थानिय समय के अनुसार दोपहर 11.36 से 12.25 बजे तक (मध्याह्न काल में) अभिजित मुहूर्त होता है। सर्वेषां वर्णानामऽभिजित्संज्ञको मुहूर्तस्यात् अष्टमो दिवसस्र्योर्द्ध त्वभिजित्संज्ञकः क्षणः।। मध्याह्न काल में 248 पलों का आठवां मुहूर्त अभिजित संज्ञक होता। अभिजित मुहूर्त समस्त शुभ कार्यों के लिए श्रेष्ठ है। इस मुहूर्त में किए गए समस्त कार्य सिद्ध होते हैं। अभिजित मुहूर्त साधन इष्ट दिन के दिनमान को आधा करके उसे घंटा मिनट में परिवर्तित करें, तथा इसे स्थानीय सूर्योदय काल में जोड़ें, यह अभिष्ट दिन का मध्याह्न काल होगा। उपरोक्त विधि से प्राप्त मध्याह्न काल से 24 मिनट पूर्व और 24 मिनट पश्चात कुल 48 मिनट अर्थात् 2 घटी का अभिजित नामक मुहूर्त होता है। बुधवार के दिन अभिजित मुहूर्त शुभ नहीं होता है अतः बुधवार को अभिजित मुहूर्त का त्याग करना चाहिए। बुधवार को दोपहर 12 बजे के बाद रोग नामक अशुभ चैघड़िया यदि सूर्योदय 6 बजे से पूर्व का हो तो अभिजित मुहूर्त का अधिकांश समय रोग चैघड़िया में चला जाता है। ऐसे में अभिजित विजय नहीं दिलाता है। राहु काल से डरे नहीं वार वेला या काल वेला की भांति वारानुसार अर्धप्रहर को राहु काल कहते हैं। दिनमान का वह आठवां हिस्सा जिसका स्वामी राहु माना गया है। राहुकाल कहलाता है। राहुकाल ज्ञात करने के लिए स्थानीय दिनमान के समान आठ भाग करके इस अष्टमांश को वार के गुणक से गुणा करें। इस गुणनफल को स्थानीय सूर्योदय में जोड़ देने से राहुकाल का प्रारंभिक समय ज्ञात हो जाता है। इस समय में दिन के अष्टमांश को जोड़ देने से राहुकाल का समाप्ति काल निकल आता है। राहुकाल को अवधि अष्टमांश/अर्धप्रहर (लगभग 1.30 घंटे) के बराबर होती है। राहुकाल साधन के लिए नीचे वारों के गुणक दिए जा रहे हैं। वार रवि सोम मंगल बुध गुरु शुक्र शनि गुणक 7 1 6 4 5 3 2 राहुकाल दक्षिण भारत में बहुत ही अनिष्टप्रद माना गया है। राहुकाल में यज्ञ की पूर्णाहुति, गृह निर्माण, गृह प्रवेश, यात्रा का प्रारंभ, राजदर्शन, धन निवेश आदि शुभ कार्य वर्जित है। किंतु आप राहुकाल से भयभीत न हो। राहुकाल का दोष विशेष रूप से दक्षिण भारत कर्नाटक, केरल, मद्रास, गोवा, आंध्रप्रदेश में मान्य है। मिथिला व बंगाल में यामार्ध दोष तथा उत्तर भारत एवं मध्य प्रदेश में अशुभ चैघड़िया शुभ कार्यों में वर्जित है, राहु काल नहीं। इसलिए आप राहुकाल से डरे नहीं।

गोचर

 

प्रस्तावना

शास्त्रीय ग्रंथों में जन्मा रासी, या चंद्रमा चिह्न से ग्रहों के गोचर के लिए बहुत महत्व मिलता है। जन्म चंद्रमा के संबंध में ग्रहों की गोचर स्थिति किसी भी समय के अच्छे और दुष्प्रभावों को निर्धारित करने के लिए एक प्रभावी तरीका है।

 

वेध

एक ग्रह जो चंद्रमा से पारगमन में अच्छे प्रभाव दे रहा है उसे किसी अन्य ग्रह द्वारा कम किया जा सकता है; इस घटना में, अवरोधक ग्रह के प्रभावों को लाभ देने वाले ग्रहों पर प्राथमिकता दी जाती है।

 

विपरीत वेध

इसी तरह, एक ग्रह जो चैलेंजिंग प्रभाव दे रहा है उसे किसी अन्य ग्रह द्वारा बाधित किया जा सकता है; इस घटना में बाधा ग्रहों के मामलों और प्रभाव किसी भी तरह से रोकते हैं, या किसी भी तरह से व्यक्ति  को चैलेंज देने वाले ग्रह द्वारा संकेतिक कठिनाइयों को दूर करने में मदद करता है।

 

गोचर का समय  

विभिन्न ग्रह राशी के विभिन्न हिस्सों में उनके प्रभावों का प्रावधान देते हैं कि वे कहाँ गोचर कर रहे हैं। सूर्य और मंगल विशेष रूप से रासी के पहले तीसरे में अपने प्रभाव देते हैं; चंद्रमा और शनि विशेष रूप से पिछले तीसरे में; मध्य तीसरे में बृहस्पति और शुक्र; बुध और राहु पूरे रासी में समान रूप से अपने प्रभाव देते हैं। चंद्रमा से पारगमन के शास्त्रीय ग्रंथों में दिए गए प्रभावों के फल निम्नलिखित हैं:

 

चंद्रमा

  1. चंद्रमा से 1 में चंद्रमा उत्कृष्ट भोजन, नींद, और कपड़े प्राप्त होते है। बढ़िया आराम और मूल्यवान चीजों का लाभ, भाग्यशाली समय बीतता है। आप नयी शुरुआत कर सकते है जो आप पिछले 2 दिन से प्लान कर रहे थे| अपने प्लान पर कार्य या म्हणत करे अगले 1 माह के लिए|

यदि चंद्रमा से 5 वें में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से पहले चंद्रमा के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से दूसरे में चंद्रमा सम्मान और धन खो सकता है, और बाधाओं का अनुभव करता है। पिछले पांच दिन के प्रयासों का लाभ हो सकता है| शुक्ल पक्ष में अच्छा|

यदि चंद्रमा से 7 वें में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से दूसरे में चंद्रमा के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 7 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से तीसरे चंद्रमा में वस्त्र, स्पाउस/रिलेशनशिप/पार्टनर/डेटिंग, धन, सफलता और खुशी मिलती है। यह एक मिनी भाग्योदय है|

यदि चंद्रमा से 9वें में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में चंद्रमा के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से चौथे स्थान पर चंद्रमा सांपों से घिरे पहाड़ की तरह, दूसरों में भरोसा खो देता है। रेजुवेनशन, रेस्ट और रेफ्रेशमेंट के लिए सही है|

यदि चंद्रमा से 10h में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से चौथे स्थान पर चंद्रमा के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 10 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें चंद्रमा में अपमान, बीमारी, दुःख और बाधा के बारे में आती है। सभी प्रकार की परेशानी। बच्चो के लिए अच्छा है| क्रिएटिविटी के लिए अच्छा है| शुक्ल पक्ष में अच्छा| स्पेक्युलेटिवे  सक्सेस भी मिल सकती है| आप को एक निश्चित कार्य मिल सकता है जिसकी एक निश्चित शुरुआत और एन्ड डेट होती है

यदि चंद्रमा से पहले 1 में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें चंद्रमा के दुष्प्रभाव चंद्रमा से पहले ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें व्यक्ति धन और खुशी को प्राप्त करता है, और दुश्मनों और बीमारियों को नष्ट कर देता है। अपने पेट पर  दे|

यदि चंद्रमा से 12 वीं में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 6 वें चंद्रमा के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा वाहन, सम्मान, कपड़ों, भोजन और धन से 7 वें चंद्रमा, दूसरों से गिफ्ट, आरामदायक नींद, रिलेशनशिप से आनंद।

यदि चंद्रमा से दूसरे में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 7 वें चंद्रमा के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से दूसरे में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 8 वें चंद्रमा गलती से कोई टकरा जाता है तो कौन डरता नहीं है? आग से परेशानी| रेस्ट और स्लीप के लिए अच्छा| स्ट्रेस होता है पर घटनाये घटित होती है| शारीरिक दर्द होता है| जो भी चुनौतियां आती है वह आने वाले बेहतरीन 7 दिन की तैयारी करवाती है|

यदि चंद्रमा से 11 वें में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 8 वें चंद्रमा के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 9वें चंद्रमा कारावास, पीड़ा, थकावट और पेट की बीमारियों का कारण बनता है। लोगो का सपोर्ट मिलता है और भाग्य उदय भी हो सकता है|

यदि चंद्रमा से तीसरे स्थान पर बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से इन दुष्प्रभावों को बाधित किया जाता है।

 

  1. चंद्रमा से 10 वीं में चंद्रमा अधिकारियों की स्थिति और किसी की वस्तुओं की पूर्ति को स्वीकार करता है। सरकार/बॉस/ राजा से लाभ|  

यदि चंद्रमा से चौथे स्थान पर बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 10 वें चंद्रमा के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से चौथे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 11 वें चंद्रमा समृद्धि लाता है, दोस्तों, धन और खुशी के साथ सहयोग करता है। रिश्तेदारों से मेल| यह पिछले 1 माह  कार्यो के लाभ का समय है |

यदि चंद्रमा से 8 वें में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें चंद्रमा के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 8 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 12 वीं में चंद्रमा किसी भी अपनी मूर्खता के कारण व्यय और दोषों का कारण बनता है, जैसे कि एक बैल के मामले में (जो धरती पर हमला करके अपने खुर और सींग दोनों को खराब करता है)। सभी कामों के लिए बाधा धन का नुकसान। आप आने वाले  के लिए प्लानिंग करे|

यदि चंद्रमा से 6 वें में बुध के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वीं में चंद्रमा के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 6 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

सूर्य

  1. चंद्रमा से 1 में सूर्य थकान का कारण बनता है, क्योकि यह आप को अगले एक वर्ष के लिए कार्य करने पर केंद्रित करता है और किसी प्रकार के इमीडियेट लाभ को रोकता है| जब सेकंड जायेगा तब से लाभ होना सुरु होगा अतः यह वक़्त कर्म करने  बिना किसी विशेष लाभ के| धन कम करता है, आंतों की बीमारियों, धन की हानि और मर्जी के खिलाफ वाली यात्राएं लाता है। अच्छे नाम और स्थिति का नुकसान, और पीड़ा दायक काम।

 

  1. चंद्रमा से दुसरे धन और सुख की हानि, आंखों की समस्या और छल से सावधान रहे। पिछले 2 माह के प्रयासों का लाभ हो सकता है|

 

  1. चंद्रमा से तीसरे स्थान पर सूर्य एक नई स्थिति का अधिग्रहण, अधिक धन, खुशी, ध्वनि स्वास्थ्य और दुश्मनों के विनाश का आगमन।

 

यदि चंद्रमा से 9वें में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में सूर्य के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से चौथे स्थान में सूर्य रोगों का कारण बनता है, और वैवाहिक खुशी के आनंद में को लगातार बाधाएं होती है। पेट की बीमारियों से पीड़ित| रेजुवेनशन, रेस्ट और रेफ्रेशमेंट के लिए सही है|

 

यदि चंद्रमा से 10 वीं में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से चौथे स्थान पर सूर्य के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 10 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें स्थान में बीमारी और दुश्मनों के कारण असंख्य परेशानी हो सकती है। स्पेक्युलेटिवे सक्सेस मिल सकती है| आप को एक निश्चित कार्य मिल सकता है जिसकी एक निश्चित शुरुआत और एन्ड डेट होती है

यदि चंद्रमा से 11 वें में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में सूर्य के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें में सूर्य बीमारी, दुश्मन और दुःख को हटा देता है। सभी मानसिक दुःखों की शांति।

यदि चंद्रमा से 12 वीं में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 6 वें में सूर्य के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 7 वें में सूर्य मर्जी के खिलाफ यात्रा, पेट की बीमारियां, और अपमान का कारण बनता है। बेबसी। कुछ अच्छे सम्बन्ध बन  सकते है|

 

  1. चंद्रमा से 8 वें स्थान में सूर्य बीमारी और भय से पीड़ित होगा; और इसके परिणामस्वरूप उनके स्पाउस आपके साथ कठोर बोलेंगे। महिलाओं के प्रति अरुचि और शासकों/बॉस/सीनियर्स से पीड़ा। जितने चैलेंज होंगे उतना ही अगले 3  माह में तरक्की होगी|

 

  1. चंद्रमा से 9वें में सूर्य खतरे, फाइनेंस प्रॉब्लम  (या अपमान), बीमारी और बाधाओं को धन और उपक्रमों के अधिग्रहण करने से रोकती है। सभी प्रकार की आपदाएं, सुख का अभाव, गंभीर बीमारियां और पेशे/रोज़गार में ब्रेक/रोक। पर सीनियर्स का सपोर्ट मिलना सुरु हो जाता है और भाग्य भी साथ दे सकता है|

यदि चंद्रमा से तीसरे में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 9वें में सूर्य के दुष्प्रभाव चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 10 वीं में सूर्य का कारण बनता है एक शक्तिशाली कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो जाएगा, और सभी परियोजनाओं को सफलता के लिए ले आगे ले जाया जाएगा।

यदि चंद्रमा से चौथे स्थान पर शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 10 वें में सूर्य के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से चौथे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 11 वें स्थान पर सूर्य मूल रूप से बीमारी से एक शानदार विजय, सम्मान, धन और स्वतंत्रता प्राप्त करेगा। अच्छे कार्यों को करने की प्रवृत्ति।

यदि चंद्रमा से 5 वें में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें में सूर्य के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 12 वीं में सूर्य केवल आदर्श चरित्र की गतिविधियां सफल होंगी और दूसरी नहीं। किसी भी अच्छे कार्यों के फल काटने में असमर्थ। प्लानिंग अगले 1 साल की|  

यदि चंद्रमा से 6 वें में शनि के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वें में सूर्य के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 6 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।  

 

बुध

  1. चंद्रमा से 1 में बुध दुष्ट व्यक्तियों की सलाह (मूर्ख भाषा का उपयोग करके) धन से वंचित रहेंगे दुश्मनों, कैद और झगड़े| और कोई भी अपनी यात्रा में स्वागत का का शब्द नहीं सुन पाएगा। संबंधों के साथ झगड़ा और गलतफहमी। गैरकानूनी शब्दों, लेखन और दूरदराज के स्थानों पर यात्रा के कारण पैसे का नुकसान।

 

यदि चंद्रमा से 8 वें चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से पहले में बुध के खरब प्रभाव चंद्रमा से 8 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से दूसरे में बुध व्यक्ति अपमान का सामना, लेकिन धन प्राप्त करेगा। धन और प्रभाव, और सामान्य समृद्धि का नया  अधिग्रहण।

 

यदि चंद्रमा से 5 वें चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से दूसरे में बुध के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से तीसरे में बुध में

नए दोस्त होंगे, राजा और दुश्मनों से डरेंगे और अपने स्वयं के दुष्ट कर्मों के परिणामस्वरूप भाग जाएंगे।

 

  1. चंद्रमा से चौथे स्थान पर बुध

आप के रिश्तेदार और परिवार समृद्ध होंगे, और वे धन प्राप्त करेंगे। परिवार में सामान्य प्रगति

 

यदि चंद्रमा से तीसरे में चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से चौथे स्थान पर बुध के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें बुध में बुध

अपने पति / पत्नी के साथ झगड़ा कर देगा और अपने आकर्षक जीवनसाथी का आनंद नहीं ले पाएंगे।

 

यदि चंद्रमा से दूसरे में चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में बुध के बुरे प्रभाव चंद्रमा से दूसरे में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें बुध में

व्यक्ति की लोकप्रियता, जीत और वृद्धि हो जाती है। सभी चीजों में सफलता, सामान्य भाग्य और तेजी से पदोन्नति।

 

यदि चंद्रमा से 9वें स्थान पर चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 6 वें में बुध के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 7 वें बुध में बुध

अपने चमक को खो देता है और लगातार झगड़ा होता है।

 

  1. चंद्रमा से 8 वें बुध में

लाभ, सफलता, बच्चे, कपड़े, पैसा और कौशल होगा जो दिल में खुशी लाएगा। विजय, मानसिक शांति और सीखने की वृद्धि।

 

यदि चंद्रमा से पहले चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 8 वें में बुध के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से पहले ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. 9वीं बुध बाधाओं से सभी उपक्रमों। सभी प्रकार की बीमारी|

 

यदि चंद्रमा से 6 वें चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 9वें में बुध के बुरे प्रभाव चंद्रमा से 6 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 10 वें बुध में

दुश्मनों को नष्ट कर देता है और संपत्ति प्रदान करता है, जैसे एक सोफे पर एक सुंदर लड़की, घर की संपत्ति, मीठा शब्द और मिठाई।

 

यदि चंद्रमा से 8 वें चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 10 वें में बुध के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 8 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 11 वें बुध में

धन, बच्चों, खुशी, पति / पत्नी, दोस्तों और वाहनों की प्राप्ति के साथ उत्साही होगा। एक भी मधुर और सुखद बात करेंगे। सब कुछ में ताजा लाभ, खुशी और सफलता।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें में बुध के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 12 वीं में बुध

दुश्मन, अपमान और बीमारियों से परेशान होगा, और इसके परिणामस्वरूप वे अपने स्पाउस के साथ की खुशी का आनंद नहीं ले पाएंगे।

 

यदि चंद्रमा से 11 वें चंद्रमा के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वीं में बुध के बुरे प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

शुक्र

  1. चंद्रमा से पहले 1 में वीनस मूल रूप से सभी आवश्यक प्रेम सम्बन्धीआवश्यकताएं, सुगंधित और आकर्षक इत्र, फूल और वस्त्र, कपड़ों, घरों, सीटों और स्वादिष्ट व्यंजनों पर आधारित है। नतीजतन, व्यक्ति कमल पर एक मधुमक्खी की तरह कार्य करेगा

एक नशे की लत जैसा चेहरा, या प्राउड और युवा माशूका।

 

यदि चंद्रमा से 8 वें स्थान पर कोई ग्रह है, तो चंद्रमा से 8 में शुक्र के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 8 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से दूसरे में शुक्र बच्चों, धन, शाही पक्ष, पारिवारिक समृद्धि, फूलों और रत्नों का सुख प्रदान करता है। नतीजतन, ग्रे भूरे रंग के साथ बूढ़े हो जाने वाले व्यक्ति प्रेम संबंधी सुख का आनंद लेते हैं। परिवार के सदस्यों के लिए खुशी।

 

यदि चंद्रमा से 7 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से दूसरे में शुक्र के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 7 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से तीसरे स्थान पर शुक्र अधिकार, धन, सम्मान, स्थिति, समृद्धि, कपड़े और दुश्मनों का विनाश मिलता है। आप के विचारों को सम्मान मिलता है |

 

यदि चंद्रमा से पहले में एक ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे स्थान पर शुक्र के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से पहले ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से चौथे स्थान पर शुक्र

व्यक्ति मित्रों के साथ सहयोग करता है, और रुद्र, इंद्र और गरज के समान शक्ति प्राप्त करता है। रिश्तेदारों और महान समृद्धि के साथ सुखी सुलह।

 

यदि चंद्रमा से 10 वें स्थान पर कोई ग्रह है तो चंद्रमा से चौथे स्थान पर वीनस के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 10 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें स्थान पर वीनस

बुजुर्गों और शिक्षकों के पक्ष में जाता है, अपने रिश्तों से मिलते हैं, या नए रिस्ते होते हैं, धन की प्राप्ति, दोस्तों और साथी, बच्चों का जन्म और दुश्मन की सेना में पतन।

 

यदि चंद्रमा से 9वें में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें स्थान पर वीनस के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें स्थान पर

व्यक्ति बीमारी और मानसिक पीड़ा का सामना करेगा। दुश्मनों से परेशानी। दासता या गिरावट व्यक्ति  को प्रॉब्लम देती है।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 6 वें स्थान पर शुक्र के बीमार प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 7 वें स्थान पर शुक्र महिलाओ से संबंधित कुछ आपदाएं (ऑपोसिट सेक्स)।

यदि चंद्रमा से दूसरे में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 7 वें स्थान पर शुक्र के खराब प्रभाव चंद्रमा से दूसरे में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 8 वें शुक्र शुक्रवार को

अपने साथी के लिए घर, परिचर और एक समृद्ध पति / पत्नी मिल जाता है। विपरीत लिंग के सदस्यों, घरेलू बर्तनों के अधिग्रहण और परिवार में गहने के परिणामस्वरूप खुशी।

 

यदि चंद्रमा से 5 वें स्थान पर कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 8 वें स्थान पर शुक्र के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 9वें शुक्र शुक्र

व्यक्ति धार्मिक कृत्यों का पालन करता है, विपरीत लिंग या शादी, खुशी, धन और कपड़े के सदस्य प्राप्त करता है। उदार और धर्मार्थ कार्यों का फल।

यदि चंद्रमा से 11 वें स्थान पर कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 9वें स्थान पर वीनस के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 10 वीं में शुक्र

व्यक्ति अपमान और झगड़े का सामना करता है। प्रतिद्वंद्विता, झगड़ा और अपमान।

यदि चंद्रमा से चौथे स्थान पर कोई ग्रह है, तो चंद्रमा से 10 वें स्थान पर शुक्र के बीमार प्रभाव चंद्रमा से चौथे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 11 वें स्थान पर

मूल मित्र, धन, भोजन और इत्र प्राप्त करता है। रिश्तेदारों से सहयोग।

यदि चंद्रमा से तीसरे में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें स्थान पर वीनस के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 12 वीं में शुक्र

धन और वस्त्र प्राप्त करता है, लेकिन बाद में कुछ खो देता है। कई साधनों में धन हासिल करता है, कपड़े का अधिग्रहण।

यदि चंद्रमा से 6 वें स्थान पर कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वें स्थान पर वीनस के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 6 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

मंगल

 

  1. चंद्रमा से 1 में मंगल

शारीरिक दुःख का कारण बनता है। सभी उपक्रमों के लिए बाधाएं।

 

  1. चंद्रमा से दूसरे में मंगल ग्रह

राजा और दुश्मन, झगड़े, अत्यधिक दिक्कत, आग दुर्घटनाओं, लूट और बीमारी से परेशानी का कारण बनता है, हालांकि व्यक्ति उपेंद्र या गरज के समान हो सकता है। मानसिक और शारीरिक दुःख के कारण शरीर में बीमारियां।

 

  1. चंद्रमा से तीसरे में मंगल ग्रह

ऊर्जा, अधिकार, धन, ऊनी लेख, खनिज संपदा और इसी तरह के लाभ के माध्यम से लाभ। मूल्यवान धातुओं का लाभ,

सुब्रह्मण्य के पक्ष और दुश्मनों का आसान विनाश।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में एक ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में मंगल ग्रह के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से चौथे स्थान पर मंगल

बुखार, पेट की बीमारियों और रक्तस्राव के साथ-साथ दुष्टों के साथ मिलकर बड़ी हानि का कारण बनता है। मौलिक तरल पदार्थ का अवचेतन प्रवाह।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें मंगल में

शत्रुता, क्रोध, बीमारी, भय, बच्चों के कारण दुःख, ऊर्जा का त्वरित नुकसान होता है।

 

यदि चंद्रमा से 11 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में मंगल के बीमार प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें मंगल ग्रह

दुश्मनों से खतरे से मुक्त होगा, (या दुश्मनों और भय से) साथ ही झगड़े; एक को सोने, कोरल और तांबे भी मिलेंगे, ताकि कोई व्यक्ति अपने सिर को ऊंचा रख सके।

 

यदि चंद्रमा से 9वें में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 6 वें में मंगल के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 7 वें मंगल ग्रह में

किसी के पति / पत्नी, आंखों और पेट-बीमारी के साथ झगड़ा होता है।

 

  1. चंद्रमा से 8 वें मंगल ग्रह

शारीरिक कमजोर बनाता है, और धन और सम्मान खो देता है। मानसिक अवसाद, शरीर के लिए गंभीर चोट या अंगों के टूटने के कारण रक्त हानि।

 

  1. चंद्रमा से 9वें में मंगल ग्रह

अपमान, हानि का नुकसान और शारीरिक तरल पदार्थ के नुकसान और परिणामी कमजोरी के कारण बाधा उत्पन्न करता है। पैसे की कमी, हार।

 

यदि चंद्रमा से 6 वें स्थान पर कोई ग्रह है, तो चंद्रमा से 9वें में मंगल के बीमार प्रभाव चंद्रमा से 6 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 10 वीं में मंगल

तटस्थ प्रभाव पैदा करता है। सभी तरीकों से लाभ।

 

  1. चंद्रमा से 11 वें स्थान पर मंगल ग्रह

विभिन्न प्रकार के धन और सफलता के साथ-साथ देश भर में शक्ति और अधिकार का उपयोग करने में सक्षम बनाता है, जैसे मधुमक्खी में प्रचुर मात्रा में फूलों के जंगल में नि: शुल्क आंदोलन और आनंद होता है। एक गांव, सामान्य खुशी के नेतृत्व के लिए ऊंचाई।

 

यदि चंद्रमा से 5 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें में मंगल के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. 12 वीं मंगल ग्रह मंगल ग्रह

पर विभिन्न गिनती, असंख्य आपदाओं, महिलाओं का क्रोध, दयनीय प्रेम और आंखों की परेशानी के साथ एक व्यक्ति है, हालांकि उन्हें इंद्र का एक शेर होने पर गर्व हो सकता है।

 

यदि चंद्रमा से तीसरे स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वीं में मंगल के बीमार प्रभाव चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

बृहस्पति

  1. चंद्रमा से 1 में बृहस्पति

मूल अपनी संपत्ति, बौद्धिक स्पष्टता और स्थिति खो देंगे; और अक्सर झगड़ा भी होगा। मानसिक अस्वीकृति

 

  1. चंद्रमा से दूसरे में बृहस्पति

मूल निवासी धन प्राप्त करेगा और दुश्मनों से मुक्त होगा और कमल के साथ एक मधुमक्खी के रूप में अपने प्रिय के मुंह से खेलेंगे।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में एक ग्रह है तो चंद्रमा से दूसरे में बृहस्पति के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से तीसरे में बृहस्पति

मूल स्थिति की हानि से और उनके उपक्रमों के विनाश से परेशान होगा। पेशे में कुछ बदलाव

 

यदि चंद्रमा से 7 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में बृहस्पति के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 7 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

4.चंद्रमा से 4 वें बृहस्पति

मूल को उनके किथ और रिश्तेदारों की वजह से सभी तरह की चिंताओं से पीड़ित किया जाएगा, और नतीजतन न तो गांव में, न ही जंगल में नशे की लत में मन की शांति मिलेगी।

 

यदि चंद्रमा से 5 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से चौथे स्थान पर बृहस्पति के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें बृहस्पति

नौकरियों को बेस्ट करता है, मेधावी कृत्यों (या शुभ अनुष्ठान), बच्चे, हाथी, घोड़े, बैल, सोना, शहर में घर, एक जवान औरत, वस्त्र, रत्न और सीखने और बहादुरी जैसे कई गुणों के साथ विवाह। वाहनों का अधिग्रहण

 

यदि चंद्रमा से चौथे स्थान पर कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में बृहस्पति के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से चौथे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें बृहस्पति

उज्ज्वल पत्नी का चेहरा भी दिल को खुश नहीं करेगा; न ही जंगल जो मोर और कूको के नोटों के साथ घूमता है और झुंड के झुकाव से अद्भुत दिखता है। एक आरामदायक बनाने के लिए सब कुछ होने के बावजूद दुखी महसूस करने की प्रवृत्ति। दासता या गिरावट व्यक्ति को कम कर देता है।

 

  1. चंद्रमा से 7 वें बृहस्पति

आराम, कामुक सुख, धन, स्वादिष्ट भोजन, फूल, वाहन, सुरुचिपूर्ण भाषण और बौद्धिक प्रतिष्ठा प्रदान करता है। सभी कार्यों में उपलब्धि।

 

यदि चंद्रमा से तीसरे में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 7 वें में बृहस्पति के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 8 वें बृहस्पति में

कारावास, बीमारी, गहन दुःख, यात्रा पर कठिनाई, और लगभग बीमारियों की बीमारियों का कारण बनता है। स्वतंत्रता, अधिक परिश्रम और थकान का नुकसान।

 

यदि चंद्रमा से 11 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से 8 वें में बृहस्पति के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 9वीं बृहस्पति

काम, अधिकार, बेटों, सफलता उपक्रम, धन और उपजाऊ भूमि मेंकन्फर्स कौशल। लाभ, पति / पत्नी के साथ खुशी, और अधिकार का अधिग्रहण।

 

यदि चंद्रमा से 10 वीं में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 9वें में बृहस्पति के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 10 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 10 वीं बृहस्पति

किसी की स्थिति, स्वास्थ्य और धन को नष्ट कर देता है। सभी कार्यों में फलहीनता।

 

यदि चंद्रमा से 9वें में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 10 वें में बृहस्पति के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 11 वीं बृहस्पतिसे बृहस्पति

स्थिति, स्वास्थ्य और धन। सभी कार्यों में सफलता, और जीवन में एक विशिष्ट स्टेशन के लिए उन्नति।

 

यदि चंद्रमा से 8 वें स्थान पर एक ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें में बृहस्पति के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 8 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 12 वीं बृहस्पति

सही मार्ग से देशी स्विंग से उत्पन्न दुःख देता है, हालांकि वे रथ में ड्राइव करने के लिए पर्याप्त समृद्ध हो सकते हैं। लंबी सैर, और जीवन में गंभीर दुखों के कारण थकान।

 

यदि चंद्रमा से दूसरे में एक ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वीं में बृहस्पति के दुष्प्रभाव चंद्रमा से दूसरे में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

शनि

  1. चंद्रमा से 1 मेंशनि

जहर और आग से परेशान होगा, उनके किथ और रिश्तेदारों से अलग हो जाएगा, अपने रिश्तेदारों में से एक का दुःख, विदेशी देशों में भटक जाएगा, न तो दोस्त होंगे, न ही घर में रहने के लिए घर घृणित होगा उपस्थिति में, गरीब, बच्चों के बिना, चेहरे में पीला पन और भटकना।

 

  1. चंद्रमा से दूसरे में शनि

मूल रूप से अच्छी उपस्थिति, खुशी, गर्व और जीवन शक्ति से वंचित होगा, और यदि किसी को अन्य चैनलों के माध्यम से अधिक धन कमाया जाना चाहिए, तो यह पर्याप्त नहीं होगा और न ही होगा

बांस के पत्ते पर गिरने वाले पानी की तरह स्थिर। स्वास्थ्य का नुकसान, इच्छाओं में कमी।

 

  1. चंद्रमा से तीसरे में शनि में

धन, दास, परिचर, ऊंट, भैंस, घोड़े, हाथी, गधे, घर, धन, ध्वनि स्वास्थ्य और बीमारियों से स्वतंत्रता मिलेगी; और यहां तक ​​कि यदि कोई डरावना है, तो कोई भी अपने शक्तिशाली दुश्मनों को वीर प्रयासों के माध्यम से रोक देगा। सभी कार्यों में सफल निष्कर्ष।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में सूर्य के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में शनि के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 4 वें शनि में

मूल को अपने दोस्तों, धन, पति / पत्नी से अलग किया जाएगा, और हर जगह उनका दिमाग दुष्ट, पापी और सांप की क्रॉलिंग की तरह कुटिल होगा। एकलाता

बादल को दिमाग मेंहै और सभी के साथ झगड़ा करता है।

 

  1. चंद्रमा से 5 वें शनि में

मूल धन और बच्चों के बिना होगा, और गंभीर झगड़े में शामिल होंगे।

 

यदि चंद्रमा से 11 वें में सूर्य के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में शनि के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 6 वें शनि में

मूल अपने दुश्मनों और बीमारियों को दूर करेगा, और अपने प्रियजनों के मुंह को आकर्षक करीबी होंठों को चूमेंगे।

 

यदि चंद्रमा से 9वें में सूर्य के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 6 वें में शनि के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 7 वें शनि में शनि

घर से दूर घूम जाएगा। महिला और नौकरो के साथ घनिष्ठता और दूरदराज के यात्रा।

 

  1. चंद्रमा से 8 वें में शनि

पति / पत्नी के बिना होगा, और बेमतलब गतिविधियों में संलग्न होगा। अपने स्वयं के लोगों और अत्यधिक असहायता के साथ गलतफहमी।

 

  1. चंद्रमा से 9वें शनि में शनि

को इसी तरह की परेशानी का सामना करना पड़ेगा (पति / पत्नी के बिना होगा, और मतलब गतिविधियों में संलग्न होगा। अपने स्वयं के लोगों के साथ गलतफहमी और अत्यधिक असहायता), और उनके धार्मिक कर्तव्यों, जैसे कि पवित्र अग्नि की पूजा करना, उनके पास होगा घृणा, हृदय रोग और कारावास के माध्यम से एक ब्रेक। सभी के साथ शत्रुता औरबाधा

किसी के धर्मार्थ कार्यों में।

 

यदि चंद्रमा से 6 वें में सूर्य के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 9वें में शनि के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 6 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

  1. चंद्रमा से 10 वें शनि में शनि को

कुछ काम मिलेगा, लेकिन धन, सीखने, और प्रसिद्धि का नुकसान होगा।

 

  1. चंद्रमा से 11 वें शनि में

व्यक्ति आक्रामक हो जाएगा, और दूसरों की पत्नियों से जुड़ा होगा और दूसरों की संपत्ति प्राप्त करेगा। अन्य महिलाओं के साथ घनिष्ठता, भारी मुनाफा, सम्मान और अधिकार में वृद्धि।

 

यदि चंद्रमा से 5 वें में सूर्य के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 वें में शनि के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित होते हैं।

 

  1. चंद्रमा से 12 वें शनि में

मूल को दुखों की लहरों की एक श्रृंखला में गिरा दिया जाएगा।

 

यदि चंद्रमा से तीसरे में सूर्य के अलावा कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12 वें में शनि के दुष्प्रभाव चंद्रमा से तीसरे स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

राहु

1) जब राहु गोचरा में पहला घर पारित करता है, तो आपको अपमानित होने की भी संभावना है और कुछ अदृश्य समस्याएं उग जाएंगी। आप कुछ बीमारी विकसित कर सकते हैं।

 

2) जब राहु गोचारा में दूसरे घर को पार करता है, तो यह आपके लिए आर्थिक रूप से, शारीरिक और सामाजिक रूप से एक परेशान समय का प्रतीक है। इस अवधि के दौरान, अपने व्यय पर नजर रखें और चोरों या किसी अप्रत्याशित व्यय से सावधान रहें पति / पत्नी के साथ परेशानी हो सकती है।

 

3) जब राहु गोचरा में तीसरे घर को पार करते हैं, तो आप खुश और बहुत साहसी होंगे, काम पर प्रचार होंगे। भाई बहनों और अन्य रिश्तेदारों के साथ आपके अच्छे संबंध होंगे।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में राहु के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

4) जब राहु गोचरा में चौथे घर को पार करते हैं, तो वाहक, नौकरी, भूमि / संपत्ति और मां के स्वास्थ्य के लिए यह अच्छा नहीं है।

 

5) जब राहु गोचारा में 5 वें घर को पार करते हैं, तो यह आय और व्यापार के लिए अच्छा होगा, लेकिन प्रेम मामले, बच्चों और अटकलों के लिए नहीं।

यदि चंद्रमा से 11 वें में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में राहु के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

6) जब राहु गोचरा में 6 वें घर को पार करते हैं, तो यह वित्तीय मामलों के लिए अच्छा होगा और स्वास्थ्य के लिए भी अच्छा होगा। आप सभी दुश्मनों को दूर करेंगे। सेवा या नौकरी में लाभ होंगे।

 

यदि चंद्रमा से 9 वीं में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 6th में राहु के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

7) जब राहु गोचरा में 7 वें घर को पार करते हैं, तो यह वैवाहिक या पति या पत्नी के मामलों के प्रतिकूल है। साथी या सहकर्मी के साथ कुछ समस्या संभव हो सकती है।

 

8) जब राहु गोचरा में 8 वें घर को पार करते हैं, तो यह गुप्त और छुपे हुए खजाने के लिए अच्छा है। लेकिन स्वास्थ्य और अदालत के मामलों या गुप्त दुश्मनों के प्रतिकूल हैं। कुछ अप्रत्याशित परेशानी संभव हो सकती है।

 

9) जब राहु गोचरा में 9वें घर को पार करते हैं, तो यह विदेशी यात्रा, उच्च शिक्षा, आध्यात्मिक गतिविधियों के लिए अच्छा है, लेकिन माता-पिता के लिए अच्छा नहीं है।

यदि चंद्रमा से 6 वें में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में राहु के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 6  वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

10) जब राहु गोचारा में 10 वें घर को पार करते हैं, तो यह समाज में वाहक, नौकरी और स्थिति के लिए अच्छा है। हालांकि, यह पारगमन कुछ चिंताएं और नींद विकार ला सकता है।

 

11) जब राहु गोचारा में 11 वें घर को पार करते हैं, तो धन, स्थिति, नौकरी और दोस्तों में कुल लाभ होता है।

 

यदि चंद्रमा से 5 वीं में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 में राहु के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

12) जब राहु गोचरा में 12 वें घर को पार करते हैं, तो यह विदेशी यात्रा के लिए अच्छा है, लेकिन पैसे, वित्त के लिए अच्छा नहीं है।

यदि चंद्रमा से 3  वें में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12  वें में राहु के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 3 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

केतु

1) जब केतु गोचरा में पहला घर पार करता है, तो स्वास्थ्य का सामना करना पड़ेगा, मानसिक तनाव होगा, आर्थिक रूप से, यह एक कठिन समय है।

 

2) जब केतु गोचरा में दूसरे घर को पार करता है, तो धन की हानि होती है, आपके खर्च बढ़ने की संभावना है और आपके घर में भी चोरी हो सकती है। शारीरिक और मानसिक बीमारियों से पीड़ित हो सकता है।

 

3) जब केतु गोचारा में तीसरे घर को पार करते हैं, तो वित्तीय लाभ होगा, आप भाई, रिश्तेदारों और सहकर्मियों के साथ अच्छे संबंध रखेंगे। नौकरी में उन्नति होगी।

 

यदि चंद्रमा से 12 वीं में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से तीसरे में केतु के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 12 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

4) जब केतु गोचारा में चौथे घर को पार करता है, तो अपनी उधार संपत्ति से संबंधित किसी भी विवाद या सौदे से बचें। आपके स्वास्थ्य को उचित ध्यान देने की आवश्यकता होगी। वाहनों से सावधान रहें।

 

5) जब केतु गोचारा में 5 वें घर को पार करता है, तो यह आपके जीवन में महत्वपूर्ण उतार-चढ़ाव लाता है। एक तरफ, पैसे का असामान्य लाभ और दूसरे पर अत्यधिक व्यय हो सकता है। अपने बच्चों के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। अटकलों से दूर रहो।

 

यदि चंद्रमा से 11 वें में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 5 वें में केतु के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 11 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

6) जब केतु गोचारा में 6 वें घर को पार करते हैं, तो प्रतियोगिताओं, नौकरी में अच्छा प्रदर्शन करेंगे और आपके विरोधियों पर जीत हासिल करेंगे। आर्थिक रूप से, आप ध्वनि होंगे।

 

यदि चंद्रमा से 9 वीं में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 6 में केतु के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 9 वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

7) जब केतु गोचरा में 7 वें घर को पार करता है, तो यह वैवाहिक या विवाह संबंधों के लिए बहुत बुरी अवधि है। लगातार झगड़े होंगे।

 

8) जब केतु गोचरा में 8 वें घर को पार करता है, तो यह स्वास्थ्य के लिए बहुत बुरी अवधि है, आप बीमारियों, धन और पीड़ा से ग्रस्त हो सकते हैं।

 

9) जब केतु गोचरा में 9वें घर को पार करते हैं, तो विदेशी यात्रा या धार्मिक यात्रा होगी। वित्त मामलों के लिए यह बहुत अच्छा समय नहीं है।

यदि चंद्रमा से 6 वें में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 9 वें में केतु के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 6  वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

10) जब केतु गोचरा में 10 वें घर को पार करता है, तो चंद्रमा के पंख और मोम के आधार पर, यह स्थिति मिश्रित परिणाम देगी। वैक्सिंग चंद्रमा के दौरान, नौकरी और वाहक संतुष्टि, और पैसे का प्रवाह, वानिंग चंद्रमा के दौरान, मानसिक पीड़ा, धन की हानि होगी।

 

11) जब केतु गोचरा में 11 वें घर को स्थानांतरित करता है, तो पैसे कमाने के लिए अच्छा होता है। आप नई परियोजनाएं शुरू कर सकते हैं। कुल मिलाकर आप खुश और संतुष्ट होंगे।

 

यदि चंद्रमा से 5 वीं में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 11 में केतु के अच्छे प्रभाव चंद्रमा से 5  वीं में ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

 

12) जब केतु गोचरा में 12 वें घर को पार करते हैं, तो विदेशी यात्रा हो सकती है, आप शादी का जीवन परेशानी में पड़ जाएंगे। व्यय होगा। आप अपमान और मानहानि का सामना करेंगे। हालांकि, यह आध्यात्मिक मामलों के लिए एक अच्छा समय है।

 

यदि चंद्रमा से 3  वें में कोई ग्रह है तो चंद्रमा से 12  वें में केतु के दुष्प्रभाव चंद्रमा से 3 वें स्थान पर ग्रह के प्रभाव से बाधित हैं।

1. Aries (Mesha) ~ A, L, E (अ, ल, ई)

यह सहयोग, भागीदारी और महान रोमांटिक सामान के माध्यम से सफलता के बारे में है, बच्चों के लिए भी अच्छा है| यह सहयोग, साझेदारी और पति या पत्नी के साथ बैठक का समय है और संभवतः माँ भी है|

2. Taurus (Vrishabha) ~ Ba, Va, U (ब, व, ऊ)

यह सामाजिक घटनाओं, पेट को परेशान करने और मातृ रिश्तेदारों, घरेलू सजावट और वाहनों से संबंधित रखरखाव / सफाई आदि के बारे में है

3. Gemini (Mithuna) ~Ka, Gha (क, छ, घ)

यह बच्चों के बारे में है, प्रशिक्षण, सट्टा अनुमान, भाई-बहनों या चचेरे भाई के साथ भाई-बहनों या पिकनिक से मिलने के लिए त्वरित यात्रा करता है अच्छी उपलब्धियां विशेषज्ञों / गुरु प्रकार के लोगों के साथ अच्छी सलाह और बैठक

4. Cancer (Karka) ~ Da, Ha (ड, ह)

यह कायाकल्प, आराम, परिवार और घरेलू मामलों के साथ शांतिपूर्ण समय (सुख )

5. Leo (Simha) ~ Ma, Ta (म, ट)

यह अभिव्यक्ति, लेखन, प्रकाशन, यात्रा, कलात्मक सामग्री के बारे में है, अच्छा और अच्छा मार्गदर्शन महसूस करता है

6. Virgo (Kanya) ~ Pa, Tha ( प, ठ, ण )

वृद्धिशील लाभ के बारे में है, निवेश के लिए अच्छी सलाह और अच्छी तरह से प्रेरित भाषण और आर्थिक गतिविधि

7. Libra (Tula) ~ Ra, ta (र, त)

ऊर्जा और आशावाद, अच्छे ज्ञान का लाभ और दूसरों की सलाह भी है

8. Scorpio (Vrischika) ~ na, ya (न, य)

खर्च के बारे में है लेकिन अच्छी तरह से निर्देशित और अच्छी तरह निर्देशित व्यय या निवेश पिछले 2 दिनों में कुछ नुकसान संभव था

9. Sagittarius (Dhanu) ~ bha, dha, pha, dha, (भ, ध, फ, ढ)

पिछले 6 दिनों के लिए किए गए कार्य के लिए एक भुगतान के बारे में है! अच्छी आय और अच्छी पेशकशें और संपूर्ण अच्छे मार्गदर्शन – अच्छी तरह से निर्देशित निर्णय

10. Capricorn (Makar) ~ kha, ja (ख, ज)

यह तनाव के बारे में है, लेकिन हो रहा है, पिता या बॉस  का समर्थन है, लेकिन विरासत मुद्दों, आप उत्पादकता की बहुत सारी चीजों को पूरा कर लेगे

11. Aquarius (Kumbha) ~ ga, sa, sha, Sh (ग, स, श, ष)

नई चीजें शुरू होती हैं, आसपास के प्रभावशाली लोगों और समग्र प्राकृतिक समर्थन मिलने से सम्बंधित यात्रा करें

12. Pisces (Meena) ~ da, cha, tha, jha (द, च, थ, झ)

यह कठिन समय, थकान, अति काम, नींद की जरूरत है और बच्चों को ध्यान की आवश्यकता होगी